Baghpat Wire

बागपत की ताज़ा खबरें | बड़ौत, खेकड़ा, छपरौली और उत्तर प्रदेश

EPFO में बड़ा बदलाव: वेतन सीमा ₹15,000 से बढ़कर ₹25,000, 51 लाख से अधिक कर्मचारियों को मिलेगा फायदा

नई दिल्ली, 16 सितंबर 2026। कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (EPFO) से जुड़े करोड़ों कर्मचारियों के लिए केंद्र सरकार ने बड़ा फैसला लिया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में हुई केंद्रीय कैबिनेट बैठक में EPFO के तहत अनिवार्य कवरेज के लिए वेतन सीमा को ₹15,000 से बढ़ाकर ₹25,000 प्रति माह करने को मंजूरी दे दी गई है। सरकार के मुताबिक, इस फैसले से 51 लाख से अधिक अतिरिक्त कर्मचारी EPFO के अनिवार्य कवरेज के दायरे में आने की उम्मीद है।

सरकार का कहना है कि इस निर्णय से देश में सामाजिक सुरक्षा का दायरा और व्यापक होगा। खास तौर पर ऐसे कर्मचारी, जिनका मासिक वेतन अब तक ₹15,000 से अधिक होने के कारण अनिवार्य EPFO कवरेज की मौजूदा सीमा से बाहर था, उन्हें नए प्रावधान से लाभ मिलने की संभावना है।

₹15,000 की सीमा अब ₹25,000

EPFO की वेतन सीमा लंबे समय से ₹15,000 प्रति माह थी। अब इसे बढ़ाकर ₹25,000 किए जाने से ₹15,000 से अधिक और ₹25,000 तक वेतन पाने वाले कर्मचारियों के लिए अनिवार्य EPFO कवरेज का दायरा बढ़ेगा। यह बदलाव औपचारिक क्षेत्र में काम करने वाले कर्मचारियों के लिए सामाजिक सुरक्षा के विस्तार की दिशा में महत्वपूर्ण है।

सरकार के अनुसार, इस बदलाव से 51 लाख से ज्यादा अतिरिक्त कर्मचारी EPFO के दायरे में आ सकते हैं। इसका सीधा संबंध कर्मचारियों के भविष्य के लिए बचत और सामाजिक सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने से है।

EPF के साथ पेंशन और बीमा सुरक्षा

EPFO से जुड़ी व्यवस्था केवल भविष्य निधि तक सीमित नहीं है। पात्र कर्मचारियों को EPF के साथ कर्मचारी पेंशन योजना (EPS) और कर्मचारी जमा लिंक्ड बीमा योजना (EDLI) जैसी सामाजिक सुरक्षा व्यवस्थाओं का लाभ भी मिलता है। नई वेतन सीमा के विस्तार से पात्र कर्मचारियों के लिए इन सामाजिक सुरक्षा व्यवस्थाओं तक पहुंच बढ़ने की उम्मीद है।

इस फैसले का महत्व इसलिए भी है क्योंकि EPFO देश के संगठित क्षेत्र के कर्मचारियों के लिए रिटायरमेंट सेविंग और सामाजिक सुरक्षा का प्रमुख माध्यम है। नौकरी के दौरान कर्मचारी और नियोक्ता की ओर से किए जाने वाले निर्धारित योगदान के जरिए कर्मचारी के लिए भविष्य की वित्तीय सुरक्षा तैयार होती है।

कर्मचारियों के लिए क्या बदलेगा?

नई सीमा लागू होने के बाद ₹15,000 से अधिक और ₹25,000 तक की वेतन श्रेणी में आने वाले पात्र कर्मचारियों को EPFO के अनिवार्य कवरेज में शामिल किए जाने का रास्ता साफ होगा। हालांकि, किसी कर्मचारी के मामले में वास्तविक कवरेज उसके रोजगार, प्रतिष्ठान और लागू EPF नियमों के अनुसार निर्धारित होगा।

इसका मतलब यह नहीं है कि हर कर्मचारी को ₹25,000 पर PF ही काटना होगा। ₹25,000 नई कवरेज सीमा है, जबकि PF योगदान की वास्तविक गणना संबंधित नियमों और कर्मचारी के पात्र वेतन घटकों के आधार पर होगी।

सरकार के अनुसार सामाजिक सुरक्षा का विस्तार

केंद्र सरकार ने इस फैसले को देश में सामाजिक सुरक्षा कवरेज बढ़ाने और औपचारिक रोजगार व्यवस्था को मजबूत करने से जोड़ा है। प्रधानमंत्री कार्यालय के अनुसार, नई व्यवस्था से 51 लाख से अधिक अतिरिक्त कर्मचारी अनिवार्य EPFO कवरेज में आ सकते हैं।

यह फैसला ऐसे समय में आया है जब सरकार EPFO से जुड़ी प्रक्रियाओं और सामाजिक सुरक्षा कवरेज को विस्तार देने पर भी काम कर रही है। इससे पहले श्रम एवं रोजगार मंत्रालय ने EPFO पंजीकरण और कवरेज बढ़ाने के लिए कई डिजिटल और प्रशासनिक सुधारों की जानकारी दी थी।

12 साल बाद वेतन सीमा में बड़ा बदलाव

EPFO की वेतन सीमा को आखिरी बार सितंबर 2014 में ₹15,000 प्रति माह किया गया था। इसके बाद लंबे समय तक यही सीमा लागू रही। अब इसे ₹25,000 करने के फैसले से अनिवार्य कवरेज का दायरा काफी बढ़ जाएगा।

सरकार के इस निर्णय से नए कर्मचारियों को EPFO आधारित सामाजिक सुरक्षा व्यवस्था में शामिल करने का दायरा बढ़ेगा। कर्मचारियों के लिए यह बदलाव खास तौर पर महत्वपूर्ण है क्योंकि EPF बचत रिटायरमेंट के समय वित्तीय सहायता का एक प्रमुख स्रोत बन सकती है।

EPFO #EPF #PFNews #EPFNews #SocialSecurity #EmployeesProvidentFund #LabourNews #ExpandingSocialSecurity

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *