छात्रों की शिकायतों के निस्तारण की व्यवस्था होगी और मजबूत
लखनऊ, 9 सितंबर 2026। ख्वाजा मोइनुद्दीन चिश्ती भाषा विश्वविद्यालय में छात्रों की शिकायतों के प्रभावी, निष्पक्ष और समयबद्ध निस्तारण की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाया गया है। विश्वविद्यालय की कार्यकारिणी परिषद की बैठक में लिए गए निर्णय के तहत सेवानिवृत्त एवं पूर्व डीन, डीएसडब्ल्यू प्रोफेसर वी.के. शर्मा को विश्वविद्यालय का नया लोकपाल नियुक्त किया गया है।
यह नियुक्ति विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (UGC) के छात्रों की शिकायतों के निवारण से संबंधित नियमों के तहत विश्वविद्यालय के कुलपति प्रोफेसर अजय तनेजा द्वारा की गई है।
छात्रों की शिकायतों के निस्तारण में लोकपाल की अहम भूमिका
यूजीसी के नियमों के अनुसार लोकपाल छात्रों की शिकायतों के निवारण की व्यवस्था में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। यदि किसी छात्र की शिकायत का समाधान स्टूडेंट ग्रिवांस रिड्रेसल कमेटी (SGRC) के स्तर पर नहीं हो पाता है, तो छात्र निर्धारित प्रक्रिया के तहत लोकपाल के समक्ष अपील कर सकता है।
लोकपाल संबंधित मामले में दोनों पक्षों को सुनने के बाद उचित निर्णय ले सकता है। शिकायत के समाधान के लिए आवश्यक निर्देश जारी करने का अधिकार भी लोकपाल को प्राप्त होता है।
यूजीसी के प्रावधानों के अनुसार लोकपाल के समक्ष प्रस्तुत अपीलों के निस्तारण के लिए लगभग 30 दिनों के भीतर कार्रवाई पूरी करने का प्रयास किया जाता है। इससे छात्रों को शिकायतों के समाधान के लिए एक निर्धारित और व्यवस्थित प्रक्रिया उपलब्ध होती है।
छात्रों को मिलेगा स्वतंत्र शिकायत निवारण मंच
प्रोफेसर वी.के. शर्मा की लोकपाल के रूप में नियुक्ति से विश्वविद्यालय के छात्रों को अपनी शैक्षणिक गतिविधियों और विश्वविद्यालय से जुड़े विभिन्न मामलों से संबंधित शिकायतों के समाधान के लिए एक स्वतंत्र मंच मिलेगा।
विश्वविद्यालय प्रशासन को उम्मीद है कि इस व्यवस्था से संस्थान में पारदर्शिता, जवाबदेही और छात्र-केंद्रित प्रशासन को और मजबूती मिलेगी। साथ ही, छात्रों की समस्याओं को उचित स्तर पर सुनने और उनका समयबद्ध समाधान करने में भी मदद मिलेगी।
कुलपति ने बताया छात्रों की समस्याओं का समाधान प्राथमिकता
इस अवसर पर विश्वविद्यालय के कुलपति प्रोफेसर अजय तनेजा ने कहा कि छात्रों की समस्याओं का निष्पक्ष और समयबद्ध समाधान विश्वविद्यालय प्रशासन की प्राथमिकताओं में शामिल है।
उन्होंने कहा कि प्रभावी शिकायत निवारण व्यवस्था छात्रों के विश्वास को मजबूत करने के साथ-साथ विश्वविद्यालय के शैक्षणिक वातावरण को बेहतर बनाने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है।
कुलपति ने उम्मीद जताई कि प्रोफेसर वी.के. शर्मा के अनुभव और मार्गदर्शन से छात्रों की शिकायतों के निस्तारण की प्रक्रिया को और अधिक प्रभावी बनाया जा सकेगा।
छात्रों से निर्धारित प्रक्रिया अपनाने की अपील
विश्वविद्यालय प्रशासन ने छात्रों से अपील की है कि किसी भी प्रकार की शिकायत के समाधान के लिए विश्वविद्यालय द्वारा निर्धारित शिकायत निवारण प्रक्रिया का पालन करें। निर्धारित प्रक्रिया के माध्यम से शिकायत प्रस्तुत करने से उसके निस्तारण को व्यवस्थित और समयबद्ध तरीके से आगे बढ़ाने में मदद मिलेगी।
प्रोफेसर वी.के. शर्मा की नए लोकपाल के रूप में नियुक्ति को ख्वाजा मोइनुद्दीन चिश्ती भाषा विश्वविद्यालय में बेहतर प्रशासन, पारदर्शिता, जवाबदेही और छात्रों के हितों को प्राथमिकता देने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
रिपोर्ट: डॉ. ज़फरून नक़वी














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